ग्वालियर में डॉ. मुखर्जी के बलिदान पर भाजपा दो भागों में बटी

 

ग्वालियर. नेताओं के बीच मची खींचतान के चलते गुटबाजी का शिकार हुई भाजपा अपनी पार्टी के पुरोधा डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के बलिदान दिवस पर भी खुलकर दो फाड़ नजर आये। पार्टी के आधार स्तंभ को नमन करने के नाम पर आज बाकायदा मुरार भाजपा और शेष भाजपा ने सरेआम अपने-अपने गुट का शक्ति प्रदर्शन किया।
इस पूरे मामले में एक और खास बात ये भी रही कि अपने आपको सिद्वांतवादी और अनुशासित संगठन कहने वाली भाजपा के दोनों गुटों के कार्यक्रमों के दौरान सोशल डिस्टेंसिंग की जमकर धज्जियां उड़ाई। गंभीर बात ये है कि इस मौके पर क्षेत्रीय सांसद विवेक शेजवलकर, मौजूदा व पूर्व जिलाध्यक्ष, पूर्व मंत्री, विधानसभा के दावेदार, निगम-मंडलों के अध्यक्षों समेत तमाम पूर्व व वर्तमान पदाधिकारी मौजूद रहे। ऐसे में कोरोना गाइडलाइन के सरेआम उल्लंघन को लेकर अब तमाम सवाल उठने लगे है।
चेहरा चमकाने की होड़ में धक्का-मुक्की
भाजपा के पितृपुरूष और स्वतंत्र भारत के पहले शहीद डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के बलिदान दिवस पर आज सुबह फूलबाग चौराहे के सामीप स्थित प्रतिमा पर पुष्पांजलि के दौरान पार्टी के तमाम जिम्मेदार नेता फोटो पॉलिटिक्स के चक्कर में ऐसे बेकाबू हुए कि कैमरे के सामने चेहरा चमकाने के लिए इनमें जमकर धक्का-मुक्की हुई।
दोनों गुटों ने अलग-अलग की घोषणा
बाहर से अनुशासन का लबादा ओढ़े बीजेपी के अंदरखाने में गुटबाजी के चलते किस कदर लकीरें खिंची हुई है इसका आज खुला खेल सबके सामने आया गया। मामला इसलिए भी गंभीर है कि पार्टी के तमाम नेता अपने ही संगठन के पुरोधा के बलिदान दिवस पर भी एक-दूसरे क साथ खड़े होने को तैयार नहीं हुए इसके चलते पार्टी की जिला इकाई और नए भाजपा जिलाध्यक्ष के विरोध में लामबंद हुए खेमे ने सार्वजनिक रूप से अपने अलग-अलग कार्यक्रम घोषित किए।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *