ग्वालियर में बिना मास्क के घूमने वालों को अनोखी सजा; अस्पताल या पुलिस चौकी पर कोरोना वालंटियर के तौर पर तीन दिन करना होगा काम

ग्वालियर. मध्य प्रदेश के ग्वालियर में सार्वजनिक जगहों पर मास्क का इस्तेमाल नहीं करने पर या कोविड-19 की रोकथाम के लिए लागू किए जा रहे प्रावधानों को नहीं मानने पर अनोखी सजा का प्रावधान किया गया है। इसके तहत पकड़े गए लोगों को तीन दिनों तक अस्पताल में या पुलिस चौकी पर कोरोना वालंटियर के तौर पर काम करना होगा। इस बाबत ग्वालियर के ज़िलाधिकारी कौशलेंद्र विक्रम सिंह ने आदेश जारी कर दिया है।

सोमवार को इस आदेश के उल्लंघन में दो युवकों को खुद कलेक्टर ने गश्त के दौरान बिना मास्क लगाए पकड़ा। उन्होंने रेलवे कालोनी निवासी शाहरूख खान को लश्कर क्षेत्र के एसडीएम सीबी प्रसाद को सौंप दिया।उसकी ड्यूटी कोरोना की सैंपलिंग कर रही टीम के साथ लगाया गया है और तीन दिन तक उसे ये ड्यूटी करनी होगी। वहीं सेंवड़ा निवासी दूसरे युवक को जुर्माना लगाकर इसलिए छोड़ा गया क्योंकि वह अपने पिता की इलाज कराने जा रहा था।

अब तक कोरोना से 12 लोगों मौत हो चुकी है 

इस आदेश के मुताबिक प्रावधानों का उल्लंघन करने वाले लोगों पर अब केवल जुर्माना नहीं लगाया जाएगा बल्कि उन्हें कोविड-19 अस्पताल या पुलिस चौकी में तीन दिन तक काम करना होग। यह फैसला किल कोरोना अभियान के तहत लिया गया है। ग्वालियर में कोरोना के मामले लगातार वापस आ रहे हैं। सोमवार को 55 केस सामने आए हैं, इसके साथ ही यहां पर 583 हो गई है। वहीं सोमवार को कोरोना संक्रमण से 3 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है। अब यहां पर मरने वालों की संख्या 12 हो गई है। वहीं 331 लोग स्वस्थ होकर घर लौट चुके हैं।

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *